वसंत

April 1, 2006 at 8:22 pm | In Uncategorized | 3 Comments

जी हाँ, विश्व के उस कोने में जहां मैं रहता हूं, वसंत काआगमन अब शुरु हुआ है…मुझे याद आ रही है स्कूल में लिखी मेरी कविता की कुछ पंक्तियाँ याद आ रही हैं-
“आया प्यारा वसंत”
पेड़ों पर पात नये,
भँवरोँ के दिन बहुरे,
कुसुमित हैं दिग-दिगंत -
आया प्यारा वसंत।

आगे की पंक्तियाँ नहीं याद आ रहीं….

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